Thursday, March 5, 2026

तेलंगाना को मिला नया राज्यपाल, बीजेपी के वरिष्ठ नेता शिव प्रताप शुक्ल को दी गई जिम्मेदारी

<p style="text-align: justify;">तेलंगाना में राज्यपाल पद को लेकर अहम प्रशासनिक बदलाव किया गया है. केंद्र सरकार ने बीजेपी के वरिष्ठ नेता शिव प्रताप शुक्ल को तेलंगाना का नया राज्यपाल नियुक्त किया है. वहीं वर्तमान राज्यपाल जिष्णु देव वर्मा को अब महाराष्ट्र का राज्यपाल बनाया गया है. इस फैसले के बाद तेलंगाना की राजनीति और प्रशासनिक हलकों में नई चर्चाएं शुरू हो गई हैं.</p> <p style="text-align: justify;">नए फैसले के अनुसार शिव प्रताप शुक्ल तेलंगाना के चौथे राज्यपाल होंगे. उनसे पहले इस पद पर ई. एस. एल. नरसिम्हन, तमिलिसाई सौंदरराजन और जिष्णु देव वर्मा अपनी सेवाएं दे चुके हैं. केंद्र सरकार के इस फैसले को प्रशासनिक अनुभव और राजनीतिक संतुलन के दृष्टिकोण से महत्वपूर्ण माना जा रहा है.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>कौन हैं शिव प्रताप शुक्ल&nbsp;</strong><br />बता दें कि शिव प्रताप शुक्ल इससे पहले हिमाचल प्रदेश के राज्यपाल के रूप में कार्य कर रहे थे. वे बीजेपी के वरिष्ठ नेताओं में गिने जाते हैं और लंबे समय तक राष्ट्रीय राजनीति में सक्रिय भूमिका निभा चुके हैं. संसद और संगठन दोनों स्तरों पर उनका अनुभव काफी व्यापक माना जाता है. यही वजह है कि उन्हें तेलंगाना जैसे महत्वपूर्ण राज्य की संवैधानिक जिम्मेदारी सौंपी गई है.</p> <p style="text-align: justify;">दूसरी ओर जिष्णु देव वर्मा को महाराष्ट्र का नया राज्यपाल नियुक्त किया गया है. वे हाल ही में तेलंगाना के राज्यपाल के रूप में कार्यरत थे और अपने कार्यकाल के दौरान कई महत्वपूर्ण प्रशासनिक गतिविधियों का हिस्सा रहे.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>मोदी सरकार का रणनीतिक फैसला</strong><br />राजनीतिक जानकारों का मानना है कि राज्यपालों की यह अदला-बदली केंद्र सरकार की व्यापक प्रशासनिक रणनीति का हिस्सा हो सकती है. दक्षिण भारत के महत्वपूर्ण राज्यों में से एक तेलंगाना में आने वाले समय में राजनीतिक गतिविधियां और तेज होने की संभावना हैं. ऐसे में अनुभवी और वरिष्ठ नेतृत्व को राज्यपाल के रूप में नियुक्त करना एक रणनीतिक फैसला माना जा रहा है.</p> <p style="text-align: justify;">इस नियुक्ति के बाद तेलंगाना के राजनीतिक गलियारों में चर्चा तेज हो गई है. अब सबकी नजर इस बात पर है कि शिव प्रताप शुक्ल कब औपचारिक रूप से राज्यपाल पद की शपथ लेते हैं और आने वाले समय में राज्य की प्रशासनिक और राजनीतिक गतिविधियों पर उनका क्या प्रभाव पड़ता है.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>ये भी पढ़ें</strong></p> <p style="text-align: justify;"><strong><a href="https://www.abplive.com/news/world/indian-ocean-indian-navy-launched-rescue-operations-iranian-frigate-iris-dena-sri-lanka-3097717">Iranian Frigate IRIS Dena: जिस ईरानी फ्रिगेट को अमेरिका ने डुबोया, उसकी मदद के लिए आगे आया भारत, तुरंत भेजा जहाज, नेवी ने क्या बताया?</a></strong></p>

असम में फाइटर जेट सुखोई हुआ क्रैश, वायुसेना के 2 पायलट शहीद

<p>असम के कार्बी आंगलोंग जिले में बीती रात सुखोई Su-30MKI लड़ाकू विमान दुर्घटनाग्रस्त हो गया, जिसमें भारतीय वायु सेना के 2 पायलट शहीद हो गए. वायु सेना ने बताया कि पायलटों की पहचान स्क्वाड्रन लीडर अनुज और फ्लाइट लेफ्टिनेंट पुरवेश दुरागकर के रूप में हुई है.&nbsp;</p>

अनिल अंबानी की मुश्किलें बढ़ीं! ED ने मुंबई में 10-12 ठिकानों पर छापेमारी, RCOM से जुड़े लोगों से पूछताछ

<div style="text-align: justify;">आज सुबह प्रवर्तन निदेशालय (ED) की 15 टीमों ने अनिल अंबानी की सहयोगी कंपनियों, खासकर रिलायंस कम्युनिकेशंस लिमिटेड (RCOM) से जुड़े ठिकानों पर छापेमारी की खबरें आई हैं. सूत्रों के मुताबिक, मुंबई में 10 से 12 जगहों पर कार्रवाई चल रही है.</div>

Wednesday, March 4, 2026

ईरान पर हमला करने की ट्रंप की पावर रोकने की कोशिश फेल, संसद में पास नहीं हो पाया प्रस्ताव, जानें क्या हुआ

<p style="text-align: justify;">अमेरिकी सीनेट में राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के ईरान के खिलाफ सैन्य कार्रवाई के अधिकार को सीमित करने वाला वॉर पावर्स प्रस्ताव पास नहीं हो सका. इस प्रस्ताव के मुताबिक ईरान के खिलाफ आगे किसी भी सैन्य कार्रवाई से पहले कांग्रेस की मंजूरी जरूरी बताई गई थी, लेकिन अधिकतर रिपब्लिकन सांसदों ने इसका विरोध किया. अलजजीरा ने ये जानकारी दी है.</p> <p style="text-align: justify;">व्हाइट हाउस की प्रेस सचिव कैरोलिन लेविट ने 1979 की ईरानी क्रांति के बाद ईरान के विपक्ष का जिक्र करते हुए कहा कि इस क्षेत्र में लगातार तनाव बढ़ा हुआ है, लेविट ने ये भी कहा कि पिछले अमेरिकी राष्ट्रपति के कार्यकाल के दौरान ईरान के मामले में नरमी बरती जा रही थी, जबकि डोनाल्ड ट्रंप ने इस मुद्दे पर सख्ती के साथ कदम बढ़ाए हैं.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>अमेरिकी पनडुब्बी ने श्रीलंका के पास जंगी जहाज को डुबोया</strong><br />अमेरिका और ईरान के बीच बुधवार (4 मार्च) को जंग और तेज हो गई. जब एक अमेरिकी पनडुब्बी ने श्रीलंका के पास ईरान के एक जंगी जहाज को डुबो दिया. इस हमले में कम से कम 80 लोगों के मारे जाने की खबर है. इसी दौरान नाटो के एयर डिफेंस सिस्टम ने तुर्किये की ओर से दागी गई ईरानी बैलिस्टिक मिसाइल को भी मार गिराया. यह सब उस समय हुआ है, जब अमेरिका और इजरायल के सैन्य अभियान को 5 दिन बीत चुके हैं और इसमें सैंकड़ों लोगों की जानें गईं हैं और हजारों लोग घायल हुए हैं. &nbsp;</p> <p style="text-align: justify;"><strong>हिजबुल्लाह भी इजरायल पर कर रहा वॉर</strong><br />ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत के बाद से ईरानी प्रॉक्सी संगठन हिजबुल्लाह भी इस जंग में कूद गया है. हिज्बुल्लाह ने इजरायल पर हमला करते हुए अब हाइफा को निशाना बनाया है. हमले के बाद हाइफा और तेल अवीव में सायरन बजने लगे हैं. इजरायली मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक नॉर्दर्न कमांड ने लेबनान सीमा और उत्तरी गोलान हाइट्स के फ्रंटलाइन इलाकों में रहने वाले लोगों को तुरंत सुरक्षित जगहों पर जाने और अगले आदेश तक वहीं रहने का निर्देश दिया है.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>ये भी पढ़ें</strong></p> <p style="text-align: justify;"><strong><a href="https://www.abplive.com/news/world/us-military-strike-iranian-warship-iris-dena-near-sri-lanka-indian-ocean-87-people-died-3097216">US Military Strike: भारत से लौट रहे ईरानी वॉरशिप को अमेरिका ने डुबोया, 87 लोगों की मौत, सबमरीन से लगाया निशाना</a></strong></p>

'अमेरिका भारत के पोर्ट्स से ईरान पर दाग रहा मिसाइलें...', दावे पर विदेश मंत्रालय ने बता दिया क्या है सच?

<p style="text-align: justify;">ईरान-अमेरिका-इजरायल जंग के बीच भारत ने एक बड़ी अफवाह को सिरे से खारिज कर दिया है. विदेश मंत्रालय (MEA) ने कहा कि अमेरिका भारतीय पोर्ट्स या नेवल बेस का इस्तेमाल करके ईरान पर हमले नहीं कर रहा. ये क्लेम पूरी तरह 'फेक और फॉल्स' है.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>यह दावा क्या था और विदेश मंत्रालय ने क्या सफाई दी?</strong></p> <p style="text-align: justify;"><strong>दावा-</strong> ये खबर एक अमेरिकी चैनल वन अमेरिका न्यूज नेटवर्क (OANN) से शुरू हुई, जहां पूर्व अमेरिकी आर्मी कर्नल डगलस मैकग्रेगर ने इंटरव्यू में कहा था कि अमेरिका के अपने बेस और हार्बर तबाह हो चुके हैं, इसलिए वो अब भारतीय पोर्ट्स पर निर्भर है. उन्होंने कहा, 'हमारे सभी ठिकाने नष्ट हो गए हैं. हमारे बंदरगाह सुविधाएं नष्ट हो गई हैं. हमें भारत और भारतीय बंदरगाहों पर निर्भर होना पड़ रहा है, जो आदर्श नहीं है.'</p> <p style="text-align: justify;"><strong>सफाई-</strong> MEA के फैक्ट चेक अकाउंट ने X पर पोस्ट करके इसे 'बेसलेस' बताया. पोस्ट में लिखा, 'Fake News Alert! OAN जैसे अमेरिकी चैनल पर दावे कि भारतीय बंदरगाहों का अमेरिकी नौसेना इस्तेमाल कर रही है, नकली और गलत हैं. हम ऐसी बेबुनियाद और जाली टिप्पणियों से सावधान करते हैं.'</p> <blockquote class="twitter-tweet"> <p dir="ltr" lang="en">Fake News Alert!<br /><br />Claims being made on OAN, a US based channel that Indian ports are being used by the US Navy are fake and false. We caution you against such baseless and fabricated comments. <a href="https://t.co/xiFWnkoXBk">pic.twitter.com/xiFWnkoXBk</a></p> &mdash; MEA FactCheck (@MEAFactCheck) <a href="https://twitter.com/MEAFactCheck/status/2029233689570492805?ref_src=twsrc%5Etfw">March 4, 2026</a></blockquote> <p> <script src="https://platform.twitter.com/widgets.js" async="" charset="utf-8"></script> </p> <p style="text-align: justify;"><strong>भारत के ट्रेड और एनर्जी सप्लाई चेन पर असर</strong></p> <p>भारत बार-बार दोहरा रहा है कि वो इस जंग में किसी तरफ नहीं है. हम पूरी तरह न्यूट्रल हैं और किसी को अपनी जमीन, बंदरगाह या हवाई क्षेत्र इस्तेमाल नहीं करने देते. MEA ने पहले भी कहा था कि बातचीत और कूटनीति से ही तनाव कम होना चाहिए. इस जंग से हमारे करीब एक करोड़ भारतीय नागरिकों की सुरक्षा, ट्रेड और एनर्जी सप्लाई चेन पर असर पड़ रहा है.</p> <p>ये दावा ऐसे समय में आया जब अमेरिकी पनडुब्बी ने भारतीय महासागर में ईरानी युद्धपोत IRIS Dena को डुबो दिया, जिसमें कम से कम 80-87 क्रू मेंबर्स की मौत हुई. ये जहाज भारत में हुए नेवल एक्सरसाइज (MILAN 2026) से लौट रहा था. लेकिन भारत ने साफ कर दिया कि इस हमले में हमारे बंदरगाहों का कोई रोल नहीं था.</p>

US-Israel Attack Iran: ईरान-अमेरिका की जंग में भारत का हो गया बड़ा नुकसान! खाड़ी जा रहे 1000 कंटेनर पोर्ट पर फंसे

<p style="text-align: justify;">अमेरिका और इजरायल के <a href="https://www.abplive.com/news/world/israel-iran-war-update-tehran-cluster-bomb-strike-on-israel-china-and-russia-suspect-providing-technology-world-news-3097190" target="_blank" rel="noopener">ईरान</a> पर संयुक्त हमले से पूरी दुनिया की आयात- निर्यात व्यवसाय प्रभावित हुई है . मध्य-पूर्व क्षेत्र में जारी युद्ध का असर अब <a href="https://www.abplive.com/states/maharashtra/us-israel-iran-strike-protes-erupted-in-mumbai-police-on-alert-strict-instructions-to-officers-ann-3096640" target="_blank" rel="noopener">मुंबई</a> के जवाहरलाल नेहरू पोर्ट ट्रस्ट (JNPT) पर भी साफ दिखाई देने लगा है. अरब देशों, इजरायल, ईरान और अमेरिका के बीच बढ़ते तनाव के कारण समुद्री मार्गों पर जहाजों की आवाजाही प्रभावित हुई है, जिससे बड़ी संख्या में निर्यात कंटेनर बंदरगाह पर फंसे हुए हैं. मौजूदा समय में JNPT पर 1,000 से अधिक निर्यात कंटेनर अटके हुए हैं. इनमें अंगूर, प्याज, पपीता , अनार, तरबूज सहित अन्य कृषि उत्पादों की खेप शामिल है. फंसे हुए कंटेनरों में से 150 कंटेनर नासिक से भेजे गए प्याज के हैं. प्रत्येक कंटेनर में औसतन 29 से 30 टन प्याज लदा है, जिससे कुल मिलाकर लगभग 5,400 टन प्याज बंदरगाह पर अटका हुआ है.</p> <p style="text-align: justify;">ये खेप मुख्य रूप से खाड़ी देशों के लिए भेजी गई थी और अधिकतर दुबई के रास्ते जानी थीं. हालांकि मौजूदा युद्ध जैसे हालातों के चलते दुबई का बाजार अस्थायी रूप से बंद होने की खबर है. इतना ही नहीं, जो 370 भारतीय कंटेनर पहले ही दुबई पहुंच चुके थे, वे भी वहीं फंसे बताए जा रहे हैं. यही रूट कुछ यूरोपीय देशों के निर्यात के लिए भी इस्तेमाल में लाया जाता है, जिससे वहां की सप्लाई चेन भी प्रभावित हुई है.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>पोर्ट पर खड़े कंटेनरों का क्या है खर्च?</strong></p> <p style="text-align: justify;">सबसे बड़ी चिंता जल्द खराब होने वाली चीजों के निर्यातकों को लेकर है. अगर समय पर इस्तेमाल में नहीं लाया गया तो खाने वाले सामान खराब होने लगेंगे. पोर्ट पर खड़े रेफ्रिजरेटर कंटेनरों पर हर दिन लगभग 8,000 रुपये का खर्च आ रहा है. अगर स्थिति लंबी खिंचती है तो माल उतारने पर प्रति कंटेनर 5,000 से 6,000 रुपये का अतिरिक्त खर्च उठाना पड़ सकता है. &nbsp;बिजनेस से जुड़े लोगों का कहना है कि अगले दो-तीन दिनों में स्थिति साफ नहीं हुई तो माल वापस मांगने की नौबत आ सकती है. इस निर्यात ठहराव का असर घरेलू बाजार पर भी पड़ने लगा है. स्थानीय आपूर्ति बढ़ने से प्याज और अन्य उत्पादों के दाम और गिर सकते हैं. किसान इसे दोहरी मार बता रहे हैं.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>APDA ने सरकार से की मांग</strong></p> <p style="text-align: justify;">हॉर्टिकल्चर प्रोड्यूस एक्सपोर्टर्स एसोसिएशन ने (APDA) से मांग की है कि बंदरगाह पर खड़े कंटेनरों के अतिरिक्त खर्च का वहन सरकार करें. साथ ही केंद्र सरकार से वैकल्पिक बिजनेस रूट तलाशने और प्रभावित किसानों व निर्यातकों के लिए विशेष राहत पैकेज की घोषणा की मांग भी की गई है.</p>

Tuesday, March 3, 2026

पाइल्स सर्जरी के बाद भी नहीं मिली छुट्टी... लोको पायलट ने पैंट उतारकर दिखा दिए घाव, जानें फिर क्या हुआ?

<p style="text-align: justify;">रेलवे में बीमारी पर भी छुट्टी न मिलने का एक हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है. ये मामला लखनऊ रेल मंडल से जुड़ा है, जहां एक लोको पायलट को पाइल्स सर्जरी के बाद भी सिक लीव नहीं दी गई. आरोप है कि लीव से इनकार किए जाने के बाद परेशान होकर लोको पायलट राजेश मीना ने वरिष्ठ अधिकारी के सामने ही अपनी पैंट उतार दी और उन्हें ऑपरेशन के घाव दिखाए.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>क्या है पूरा मामला?</strong></p> <p style="text-align: justify;">इस घटना का वीडियो रेलवे कर्मचारियों के व्हाट्सएप ग्रुप में <em>वायरल</em> हो गया है, जिसके बाद कर्मचारी संगठनों ने इसे अमानवीय व्यवहार करार दिया है. मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, ऑल इंडिया लोको रनिंग स्टाफ एसोसिएशन (AILRSA) के नेताओं के अनुसार राजेश मीना अनुसूचित जनजाति समुदाय से आते हैं. राजेश ने 22 फरवरी 2026 को लखनऊ में पाइल्स की सर्जरी कराई थी. उन्हें 22 से 28 फरवरी तक छुट्टी दी गई थी लेकिन घाव पूरी तरह ठीक न होने के कारण उन्होंने निर्धारित प्रक्रिया के तहत रेलवे हेल्थ यूनिट से अवकाश बढ़ाने की मांग की.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>मजबूरी में अपने घाव दिखा दिए</strong></p> <p style="text-align: justify;">यूनियन के मुताबिक डॉक्टर ने जांच के बाद छुट्टी बढ़ाने की जरूरत मानी और वरिष्ठ अधिकारियों से सिक मेमो लाने को कहा. राजेश मीना ने पहले क्रू कंट्रोलर और फिर चीफ क्रू कंट्रोलर (CCC) रतन कुमार से संपर्क किया. यूनियन का आरोप है कि मीना ने अपने मेडिकल दस्तावेज, लैब रिपोर्ट और ड्रेसिंग भी दिखाई, लेकिन उन्हें छुट्टी नहीं दी गई. आखिर में मजबूरी में अपने घाव दिखाने के लिए मीना ने कपड़े उतार दिए. बाद में यूनियन नेता के हस्तक्षेप के बाद उन्हें आराम के लिए अवकाश मिला.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>यूनियन ने जताई नाराजगी?</strong></p> <p style="text-align: justify;">इस मामले को लेकर AILRSA के महासचिव के सी जेम्स ने कहा कि ये बेहद शर्मनाक है कि एक लोको पायलट को मेडिकल लीव के लिए इस हद तक जाना पड़ा. उन्होंने रेलवे प्रशासन से संबंधित अधिकारी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है. मामला सामने आने के बाद रेलवे कर्मचारियों में आक्रोश है और प्रशासन से जवाबदेही तय करने की मांग उठ रही है.</p>

मिडिल ईस्ट में छिड़ी जंग के बीच भारत ने कर दिया कमाल! इस हथियार से कांपेगा पाकिस्तान, अमेरीका भी हैरान

<p style="text-align: justify;">दुनिया इस समय सस्ते लेकिन घातक ड्रोन युद्ध का असर देख रही है. <a title="ईरान" href="https://www.abplive.com/news/world/iran-us-war-its-too-late-us-president-donald-trump-amid-war-against-iran-world-news-3096951" target="_self">ईरान</a> का कम लागत वाला शहेद-136 सुसाइड ड्रोन और अमेरिका का उसी से प्रेरित LUCAS ड्रोन पारंपरिक हथियारों की तुलना में बड़े नुकसान पहुंचा रहे हैं. इसी तरह की क्षमता विकसित करने की दिशा में भारत भी तेजी से आगे बढ़ रहा है. भारत का अपना लंबी दूरी का स्वार्म अटैक ड्रोन शेषनाग-150 अब परीक्षण के अहम चरण में है.</p> <p style="text-align: justify;">बेंगलुरु की डिफेंस स्टार्टअप कंपनी न्यूस्पेस रिसर्च टेक्नोलॉजीज (NRT) की तरफ से पूरी तरह भारत में डेवलप किया जा रहा शेषनाग-150 पहली बार करीब एक साल पहले टेस्ट किया गया था, लेकिन <a title="ऑपरेशन सिंदूर" href="https://www.abplive.com/news/india/operation-sindoor-india-hit-pakistan-kirana-hills-nuclear-site-tom-cooper-claim-pm-modi-asim-muneer-3090709" target="_self">ऑपरेशन सिंदूर</a> के बाद इसकी जरूरत और ज्यादा महसूस की गई. उस ऑपरेशन के दौरान भारतीय सेना ने NRT के अन्य ड्रोन इस्तेमाल किए थे. इसके बाद लंबी दूरी की स्वदेशी स्वार्म स्ट्राइक क्षमता को तेजी से विकसित करने पर जोर बढ़ गया है.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>मिडिल ईस्ट में चल रहे संघर्ष में ड्रोन की जरूरत</strong></p> <p style="text-align: justify;">मिडिल ईस्ट में चल रहे संघर्ष ने सस्ते ड्रोन युद्ध की ताकत को साफ दिखा दिया है. शहेद-136 जैसे कम कीमत वाले ड्रोन एयर डिफेंस सिस्टम को थका देते हैं और महत्वपूर्ण ठिकानों को निशाना बनाते हैं. अमेरिका का LUCAS ड्रोन भी इसी &nbsp;पर आधारित है. इससे यह साफ हुआ है कि आधुनिक युद्ध में सस्ते, ज्यादा संख्या में और ऑटोमेटिक ड्रोन कई बार महंगे हथियारों पर भारी पड़ सकते हैं.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>शेषनाग-150 को क्यों किया गया डिजाइन</strong></p> <p style="text-align: justify;">शेषनाग-150 को ग्रुप में हमला करने के लिए डिजाइन किया गया है. यह एक साथ कई ड्रोन भेजकर दुश्मन के डिफेंस सिस्टम को चकमा देकर कमजोर कर सकता है. इसकी मारक दूरी 1,000 किलोमीटर से अधिक बताई जाती है और यह 5 घंटे से ज्यादा समय तक उड़ान भर सकता है. यह टारगेट एरिया के ऊपर मंडराकर निगरानी कर सकता है और जरूरत पड़ने पर हमला कर सकता है. इसमें 25 से 40 किलोग्राम तक का वारहेड ले जाने की क्षमता है, जिससे ढांचों, वाहनों और सैन्य ठिकानों को गंभीर नुकसान पहुंचाया जा सकता है.</p> <p style="text-align: justify;">इस सिस्टम की सबसे अहम ताकत सिर्फ उसका ढांचा नहीं, बल्कि उसका सॉफ्टवेयर और कंट्रोल सिस्टम है. छोटे ड्रोन बनाना आज तकनीकी रूप से कठिन नहीं है, लेकिन उन्हें इस तरह जोड़ना कि वे आपस में बात कर सकें, लक्ष्य पहचान सकें, हमले की योजना खुद बना सकें और बिना GPS के भी काम कर सकें, यही असली चुनौती है. शेषनाग-150 को ऐसे विजुअल नेविगेशन सिस्टम से लैस करने की योजना है, जो सैटेलाइट सिग्नल बाधित होने की स्थिति में भी काम कर सके.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>ऑपरेशन सिंदूर के दौरान भेजे गए सस्ते ड्रोन</strong></p> <p style="text-align: justify;"><a title="ऑपरेशन सिंदूर" href="https://www.abplive.com/topic/operation-sindoor" data-type="interlinkingkeywords">ऑपरेशन सिंदूर</a> के दौरान पाकिस्तान ने बड़ी संख्या में सस्ते ड्रोन भेजे थे, जिनका मकसद हमला करने के साथ-साथ भारतीय एयर डिफेंस को व्यस्त रखना और जमीनी ठिकानों की पहचान करना था. हालांकि अधिकांश ड्रोन मार गिराए गए, लेकिन इससे साफ हुआ कि ड्रोन अब युद्ध रणनीति का अहम हिस्सा बन चुके हैं. भारत ने उसी ऑपरेशन में कम संख्या में लेकिन ज्यादा सटीक हमलावर ड्रोन और लूटेरिंग म्यूनिशन का इस्तेमाल किया, जिन्होंने दुश्मन के एयर डिफेंस और रडार सिस्टम को नुकसान पहुंचाया. इससे भारतीय वायुसेना को बढ़त मिली.</p>

Monday, March 2, 2026

Iran-Israel War: जंग के बीच तेलंगाना सरकार सतर्क! गल्फ में रह रहे लोगों से कहा- ' घबराएं नहीं, मदद...'

<p style="text-align: justify;"><a href="https://www.abplive.com/news/india/telangana-high-court-imposed-interim-stay-on-removal-of-the-800-year-old-dargah-in-vemulawada-ann-3096336" target="_blank" rel="noopener">तेलंगाना</a> के अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति कल्याण मंत्री अदलूरी लक्ष्मण कुमार ने सोमवार (2 मार्च 2026) को जगतियाल जिले में मीडिया से बात करते हुए ईरान और गल्फ देशों में रह रहे तेलंगाना के लोगों को पूरा भरोसा दिलाया. उन्होंने साफ कहा कि ईरान-इजरायल और अमेरिका के बीच बढ़ते तनाव की वजह से कोई भी घबराए नहीं. राज्य सरकार और केंद्र सरकार दोनों मिलकर उनकी मदद करेंगे. मंत्री ने मुख्यमंत्री ए. रेवंत रेड्डी से अपील की कि तुरंत एक स्पेशल सेल बनाया जाए ताकि फंसे हुए तेलुगु लोगों की हर समस्या का समाधान हो सके. साथ ही उन्होंने कहा कि आज विकाराबाद में मौजूद लोकसभा विपक्ष के नेता राहुल गांधी से भी यह मुद्दा उठाएंगे.</p> <p style="text-align: justify;">मंत्री अदलूरी लक्ष्मण कुमार ने बताया कि जगतियाल जिले के बहुत से लोग दुबई, कतर और ईरान जैसे देशों में काम कर रहे हैं. हाल ही में मिडिल ईस्ट के एयरस्पेस बंद होने से हैदराबाद एयरपोर्ट पर 48 फ्लाइट्स रद्द हो गईं. ऐसे में कई परिवार चिंतित हैं. लक्ष्मण कुमार ने कहा, 'लोग शांत रहें. हमारी सरकार हर कदम पर उनके साथ है. मैंने मुख्यमंत्री जी से अनुरोध किया है कि राज्य की ओर से 24 घंटे कंट्रोल रूम बनाया जाए.' उन्होंने यह भी जोड़ा कि राहुल गांधी आज तेलंगाना दौरे पर हैं और विकाराबाद में कांग्रेस कार्यकर्ताओं की बैठक में शामिल हो रहे हैं. वहां इस मुद्दे को उनके सामने रखा जाएगा ताकि केंद्र स्तर पर भी तुरंत कार्रवाई हो.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>ईरान और इजरायल के बीच तनाव</strong></p> <p style="text-align: justify;">पिछले कुछ दिनों से ईरान और इजरायल के बीच तनाव बढ़ने के बाद विदेश में रह रहे भारतीयों की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है. तेलंगाना से हजारों युवा गल्फ देशों में नौकरी करते हैं. ऐसे में मंत्री का यह बयान काफी राहत भरा है. लक्ष्मण कुमार ने जोर देकर कहा कि कोई भी अफवाह पर ध्यान न दे. सरकार ने पहले ही दिल्ली में कंट्रोल रूम बनवा लिया है और अब राज्य स्तर पर भी हर जरूरी कदम उठाया जाएगा. मंत्री ने जगतियाल के स्थानीय लोगों से भी अपील की कि उनके रिश्तेदार अगर विदेश में हैं तो उन्हें फोन करके शांत रहने को कहें. उन्होंने बताया कि जल्द ही इस मामले पर मुख्यमंत्री और राहुल गांधी दोनों से विस्तार से चर्चा होगी.</p>

'ये तो AI से फैसला तैयार किया है...', किस जज पर भड़का सुप्रीम कोर्ट, खूब सुनाया, अटॉर्नी जनरल और SG तुषार मेहता को भी भेज दिया नोटिस

<p style="text-align: justify;"><a href="https://www.abplive.com/news/india/supreme-court-asks-center-to-revisit-indian-coast-guard-service-rules-and-retirement-age-3096297">सुप्रीम कोर्ट</a> ने न्यायिक प्रक्रिया में आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस (AI) के दुरुपयोग पर कड़ा रुख अपनाते हुए कहा कि अगर किसी अदालत का फैसला एआई से तैयार किए गए फर्जी या अस्तित्वहीन निर्णयों पर आधारित पाया जाता है तो यह निर्णय में सिर्फ त्रुटि नहीं, बल्कि कदाचार (Misconduct) के बराबर होगा, जिसके कानूनी परिणाम होंगे.&nbsp;</p> <p style="text-align: justify;">27 फरवरी, 2026 को जस्टिस पी एस नरसिम्हा और जस्टिस आलोक आराधे की बेंच ने कहा कि वह मामले की विस्तार से पड़ताल करेगी. इसने अटॉर्नी जनरल आर वेंकटरमनी, सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता और बार भारतीय विधिज्ञ परिषद को नोटिस जारी किया.</p> <p style="text-align: justify;">अदालत ने इस मामले में सहायता के लिए सीनियर एडवोकेट श्याम दीवान को भी नियुक्त किया है. बेंच ने कहा, 'हम निचली अदालत के एआई निर्मित गैर-मौजूद, फर्जी या कृत्रिम कथित निर्णयों पर भरोसा करने का संज्ञान लेते हैं और इसके परिणामों और जवाबदेही की पड़ताल करना चाहते हैं क्योंकि इसका न्यायिक प्रक्रिया की शुचिता पर सीधा असर पड़ता है.'</p> <p style="text-align: justify;">कोर्ट ने आदेश में कहा, 'सबसे पहले, हमें यह स्पष्ट करना होगा कि इस तरह के निराधार और फर्जी कथित फैसलों पर आधारित निर्णय लेना, निर्णय लेने में त्रुटि नहीं है. यह कदाचार होगा और इसके कानूनी परिणाम भुगतने होंगे. यह आवश्यक है कि हम इस मुद्दे की अधिक विस्तार से पड़ताल करें.' यह मुद्दा सुप्रीम कोर्ट के सामने तब आया जब वह आंध्र प्रदेश हाईकोर्ट के जनवरी के एक आदेश को चुनौती देने वाली याचिका पर सुनवाई कर रहा था.</p> <p style="text-align: justify;">कोर्ट ने कहा कि यह मामला संस्थागत दृष्टि से काफी चिंता का विषय है. कोर्ट ने कहा, 'अटॉर्नी जनरल, सॉलिसिटर जनरल और भारतीय विधिज्ञ परिषद (BCI) को नोटिस जारी करें.' सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि मुकदमे के निपटारे तक, निचली अदालत ने विवादित संपत्ति की भौतिक विशेषताओं के विश्लेषण के लिए एक अधिवक्ता-आयुक्त नियुक्त किया था.</p> <p style="text-align: justify;">बेंच ने कहा कि याचिकाकर्ताओं ने कुछ आपत्तियां उठाकर अधिवक्ता-आयुक्त की रिपोर्ट को चुनौती दी थी. कोर्ट ने कहा कि निचली अदालत ने पिछले साल अगस्त में अपने आदेश में आपत्तियों को खारिज कर दिया था और इस प्रक्रिया में कुछ निर्णयों पर भरोसा किया था. इसके बाद, याचिकाकर्ताओं ने निचली अदालत के आदेश को चुनौती दी और दलील दी कि जिन फैसलों का जिक्र किया गया और जिन पर भरोसा किया गया, वे अस्तित्वहीन और फर्जी थे.</p> <p style="text-align: justify;"><a href="https://www.abplive.com/news/india/cji-surya-kant-on-tripura-district-court-inauguration-says-courts-must-act-like-hospitals-3096346">सुप्रीम कोर्ट</a> ने कहा कि हाईकोर्ट ने आपत्ति पर विचार किया और पाया कि फैसले एआई द्वारा तैयार किए गए थे. कोर्ट ने कहा कि सावधानी बरतने की चेतावनी देते हुए हाईकोर्ट ने मामले में गुण-दोष के आधार पर निर्णय लेने की कार्यवाही की और निचली अदालत के फैसले की पुष्टि करते हुए दीवानी पुनरीक्षण याचिका को खारिज कर दिया.</p> <p style="text-align: justify;">इसके बाद, याचिकाकर्ताओं ने हाईकोर्ट के आदेश को चुनौती देते हुए सुप्रीम कोर्ट का रुख किया. पीठ ने याचिका पर सुनवाई करने पर सहमति जताई और इस संबंध में नोटिस जारी किया.</p> <p style="text-align: justify;">कोर्ट ने मामले की सुनवाई 10 मार्च को निर्धारित करते हुए कहा, 'विशेष अनुमति याचिका के निपटारे तक, हम निर्देश देते हैं कि निचली अदालत अधिवक्ता-आयुक्त की रिपोर्ट के आधार पर कार्यवाही न करे.' 17 फरवरी को एक अलग मामले की सुनवाई करते हुए, मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत के नेतृत्व वाली बेंच ने एआई उपकरणों से तैयार की गई याचिकाओं को दाखिल करने के वकीलों के बढ़ते चलन पर गंभीर चिंता व्यक्त की.</p>

Weather Forecast: होली से पहले बदलेगा देश के मौसम का हाल! IMD का अलर्ट, कई राज्यों में बारिश और तेज हवाओं की आशंका

<p style="text-align: justify;">उत्तर <a href="https://www.abplive.com/news/world/india-is-preparing-for-war-pakistan-is-ready-for-you-president-zardari-big-claim-on-parliament-3096606" target="_blank" rel="noopener">भारत</a> से लेकर पूर्वी भारत तक मौसम फिर बदलने वाला है. India Meteorological Department (IMD) ने होली से पहले मौसम को लेकर अलर्ट जारी किया है. विभाग के अनुसार होली से 24 घंटे पहले और होली (4 मार्च 2026) के दिन कई राज्यों में तेज बारिश और आंधी आ सकती है. इस दौरान 20 से 30 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवा चलने की संभावना है. कुछ जगहों पर हवा की रफ्तार 40 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती है.</p> <p style="text-align: justify;">मौसम विभाग का कहना है कि उत्तर-पश्चिम भारत के मैदानी इलाकों में अगले 5 दिनों में अधिकतम तापमान 2 से 4 डिग्री सेल्सियस तक बढ़ सकता है. मध्य भारत में भी अगले 5 दिनों में 2 से 4 डिग्री तक तापमान बढ़ेगा. छत्तीसगढ़ और विदर्भ में 3 दिनों में 2 से 3 डिग्री तक बढ़ोतरी हो सकती है.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>देश के किस हिस्से में पड़ सकती है बर्फ</strong></p> <p style="text-align: justify;">असम और मेघालय और अरुणाचल प्रदेश में 3 मार्च को गरज के साथ हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है. जम्मू-कश्मीर-लद्दाख में 4 से 8 मार्च के बीच कुछ जगहों पर बारिश और बर्फबारी की आशंका है. हिमाचल प्रदेश में 7 और 8 मार्च को और उत्तराखंड में 8 मार्च को हल्की बारिश हो सकती है. पंजाब, हरियाणा और उत्तर प्रदेश में 3 मार्च को तेज बारिश और तेज हवा चलने का अनुमान है. बिहार, झारखंड और ओडिशा में 3 मार्च को 15 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवा चल सकती है.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>दिल्ली-बिहार के मौसम के हाल</strong></p> <p style="text-align: justify;">दिल्ली में होली के दिन मौसम सामान्य रहेगा. 10 से 15 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवा चल सकती है. सुबह हल्की ठंड महसूस होगी और दोपहर में तापमान बढ़ेगा. 3 मार्च को दिल्ली में बारिश की कोई चेतावनी नहीं है. अधिकतम तापमान करीब 31 डिग्री और न्यूनतम तापमान 17 डिग्री रह सकता है. उत्तर प्रदेश के पूर्वी हिस्से में 4 मार्च को हल्की बूंदाबांदी हो सकती है, जिससे तापमान 1 से 2 डिग्री कम हो सकता है. गोरखपुर, देवरिया, गाजीपुर, जौनपुर, आजमगढ़ और मिर्जापुर में हल्की बारिश की संभावना है. वहीं पश्चिमी और मध्य यूपी के कई जिलों में गर्मी बढ़ सकती है. लखनऊ में अधिकतम तापमान 32 डिग्री और न्यूनतम 16 डिग्री रह सकता है. बिहार में होली के दिन मौसम साफ रहेगा. बारिश की संभावना नहीं है, लेकिन कुछ जिलों में तापमान बढ़ सकता है. पटना, गया, मुजफ्फरपुर, दरभंगा और आसपास के जिलों में गर्मी बढ़ने के आसार हैं.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>पहाड़ी इलाकों के मौसम का हाल</strong></p> <p style="text-align: justify;">उत्तराखंड में होली के दिन मौसम साफ रहेगा, लेकिन 8 मार्च से बारिश शुरू हो सकती है. देहरादून में 3 मार्च को अधिकतम तापमान 26 डिग्री और न्यूनतम 12 डिग्री रहने का अनुमान है. हिमाचल प्रदेश में होली के दिन मौसम साफ रहेगा. 7 और 8 मार्च को बारिश की संभावना है. मनाली में अधिकतम तापमान 5 डिग्री और न्यूनतम माइनस 6 डिग्री रह सकता है. जम्मू-कश्मीर में होली के दिन कुछ जिलों में बारिश हो सकती है. वहीं कई जगहों पर तापमान भी बढ़ रहा है.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>मध्य प्रदेश और राजस्थान में कैसा रहेगा <a title="मौसम" href="https://www.abplive.com/weather" data-type="interlinkingkeywords">मौसम</a>?</strong></p> <p style="text-align: justify;">मध्य प्रदेश और राजस्थान में होली के दिन बारिश की संभावना नहीं है, लेकिन कई जिलों में तापमान 3 से 4 डिग्री तक बढ़ सकता है. भोपाल में अधिकतम तापमान 33 डिग्री और जयपुर में 33 डिग्री तक जा सकता है. पिछले 24 घंटों में महाराष्ट्र, राजस्थान, गुजरात, छत्तीसगढ़ और ओडिशा के कई हिस्सों में तापमान 34 से 37 डिग्री के बीच रहा. मध्य प्रदेश, उत्तर प्रदेश और बिहार में 32 से 35 डिग्री तक तापमान दर्ज किया गया. कई राज्यों में न्यूनतम तापमान 10 से 15 डिग्री के बीच रहा है.</p>

Sunday, March 1, 2026

Hyderabad Drunk Driving: नशे में धुत युवक ने बेंज कार से ट्रैफिक कॉन्स्टेबल को मारी टक्कर, बोनेट पर लेकर भागा

<p style="text-align: justify;">हैदराबाद के गच्चीबोवली इलाके में शनिवार (28 फरवरी 2026) की रात एक बड़ा हादसा होते-होते बच गया. 24 साल के युवक जी. तरुण ने शराब के नशे में हंगामा कर दिया. सबसे पहले उसने नानकरामगुडा में अपनी लग्जरी बेंज़ कार से एक गाड़ी को पीछे से टक्कर मारी. इसके बाद वह बिना रुके गच्चीबोवली की तरफ भागने लगा. रास्ते में ड्यूटी पर तैनात ट्रैफिक कॉन्स्टेबल नरसिम्हुलु ने उसे रोकने की कोशिश की.</p> <p style="text-align: justify;">बताया जा रहा है कि कार नहीं रुकने पर कॉन्स्टेबल बोनट पर चढ़ गए, लेकिन नशे में चालक ने गाड़ी नहीं रोकी और कुछ दूरी तक उन्हें बोनट पर ही लेकर चलता रहा. मौके पर पहुंची पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया. उसके खिलाफ कई धाराओं में केस दर्ज किया गया है. घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया. वीडियो में कॉन्स्टेबल कार के बोनट से चिपके नजर आ रहे हैं. आसपास मौजूद लोग यह दृश्य देखकर डर गए थे.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>918 शराबी ड्राइवर पकड़े गए</strong></p> <p style="text-align: justify;">हाल ही में हैदराबाद और साइबराबाद ट्रैफिक पुलिस ने एक ही वीकेंड में 918 शराब पीकर गाड़ी चलाने वालों को पकड़ा था. इनमें से तीन लोगों को जेल भी भेजा गया. भारतीय मोटर वाहन अधिनियम की धारा 185 के तहत रक्त में अल्कोहल की मात्रा 30 मिलीग्राम प्रति 100 मिलीलीटर से अधिक होने पर यह अपराध माना जाता है, और अगर इससे कोई हादसा होता है तो भारतीय न्याय संहिता की कड़ी धाराएं भी लागू होती हैं.&nbsp;हादसा होने पर और कड़ी कार्रवाई की जाती है. फिलहाल आरोपी पुलिस हिरासत में है. कॉन्स्टेबल नरसिम्हुलु को तुरंत इलाज दिया गया और उनकी हालत स्थिर बताई जा रही है.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>भारत में सड़क हादसा</strong></p> <p style="text-align: justify;">Data for India की रिपोर्ट के मुताबिक भारत में सड़क हादसे एक बड़ी समस्या बन चुके हैं. साल 2022 में देश में 4.5 लाख से ज्यादा सड़क दुर्घटनाएं हुईं, जिनमें 1.5 लाख से ज्यादा लोगों की जान चली गई. हालांकि, यह माना जाता है कि असली संख्या इससे भी ज्यादा हो सकती है. भारत की नमूना पंजीकरण प्रणाली (SRS) देश के लाखों घरों से जानकारी लेकर मौत के कारणों का अनुमान लगाती है. इसके अनुसार, 2022 में करीब 2.7 लाख लोगों की मौत सड़क हादसों में हुई. यह संख्या पुलिस के आधिकारिक आंकड़ों से लगभग दोगुनी है.</p>

US-Israeal Attacks Iran: 'भारत जल्द...', मिडिल ईस्ट में छिड़ी जंग के बीच PM मोदी ने पहले UAE फिर 'दोस्त' को लगाया फोन, जानें क्या हुई बात

<p style="text-align: justify;"><a href="https://www.abplive.com/news/world/us-israel-iran-strike-war-in-middle-east-lakhs-of-telangana-residents-stranded-cm-revanth-reddy-made-this-appeal-ann-3096173" target="_blank" rel="noopener">मिडिल ईस्ट</a> में बढ़ते तनाव के बीच प्रधानमंत्री <a title="नरेंद्र मोदी" href="https://www.abplive.com/topic/narendra-modi" data-type="interlinkingkeywords">नरेंद्र मोदी</a> ने बेंजामिन नेतन्याहू से फोन पर बातचीत की. इस दौरान उन्होंने क्षेत्र में जल्द से जल्द संघर्ष विराम की जरूरत पर जोर दिया. प्रधानमंत्री मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर लिखा कि उन्होंने मौजूदा हालात पर चर्चा की और नागरिकों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देने की बात दोहराई. उन्होंने कहा कि भारत जल्द शांति स्थापित करने और हिंसा रोकने की अपील करता है.</p> <p style="text-align: justify;">इसी क्रम में प्रधानमंत्री मोदी ने संयुक्त अरब अमीरात (UAE) के राष्ट्रपति मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान से भी बात की. उन्होंने यूएई पर हुए हमलों की कड़ी निंदा की और जान-माल के नुकसान पर शोक व्यक्त किया. मोदी ने कहा कि भारत इस कठिन समय में यूएई के साथ खड़ा है और वहां रह रहे भारतीयों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए आभारी है.</p> <blockquote class="twitter-tweet"> <p dir="ltr" lang="en">Had a telephone call with PM Benjamin Netanyahu to discuss the current regional situation. Conveyed India's concerns over recent developments and emphasised the safety of civilians as a priority. India reiterates the need for an early cessation of hostilities.<a href="https://twitter.com/netanyahu?ref_src=twsrc%5Etfw">@netanyahu</a></p> &mdash; Narendra Modi (@narendramodi) <a href="https://twitter.com/narendramodi/status/2028194037828817119?ref_src=twsrc%5Etfw">March 1, 2026</a> <blockquote class="twitter-tweet"> <p dir="ltr" lang="en">Spoke with President of the UAE, my brother Sheikh Mohamed bin Zayed Al Nahyan. Strongly condemned the attacks on the UAE and condoled the loss of lives in these attacks. India stands in solidarity with the UAE in these difficult times. <br /><br />Thanked him for taking care of the Indian&hellip;</p> &mdash; Narendra Modi (@narendramodi) <a href="https://twitter.com/narendramodi/status/2028167459937959989?ref_src=twsrc%5Etfw">March 1, 2026</a></blockquote> <script src="https://platform.twitter.com/widgets.js" async="" charset="utf-8"></script> </blockquote> <p style="text-align: justify;"> <script src="https://platform.twitter.com/widgets.js" async="" charset="utf-8"></script> </p> <p style="text-align: justify;"><strong>मिडिल ईस्ट बिगड़ते हालात</strong></p> <p style="text-align: justify;">मिडिल ईस्ट में हालात तब और बिगड़ गए, जब अमेरिका और इजरायल ने एक साथ मिलकर ईरान को निशाना बनाया. ईरानी सरकारी मीडिया के अनुसार इस घटना में ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामनेई की मौत हो गई. इसके अलावा कई अन्य नेताओं की भी मारे जाने की खबर है, जिसमें डिफेंस मिनिस्टर तक शामिल हैं. इसके बाद ईरान ने जवाबी कार्रवाई करते हुए इजरायल और खाड़ी क्षेत्र के कुछ अन्य देशों की ओर मिसाइलें दागीं. ईरान की इस कार्रवाई के बाद पूरे खाड़ी क्षेत्र में बड़े युद्ध की आशंका बढ़ गई है. अंतरराष्ट्रीय समुदाय स्थिति पर नजर रखे हुए है. भारत ने इस संवेदनशील समय में संतुलित रुख अपनाते हुए शांति, संवाद और क्षेत्रीय स्थिरता का समर्थन किया है.</p>

तेलंगाना को मिला नया राज्यपाल, बीजेपी के वरिष्ठ नेता शिव प्रताप शुक्ल को दी गई जिम्मेदारी

<p style="text-align: justify;">तेलंगाना में राज्यपाल पद को लेकर अहम प्रशासनिक बदलाव किया गया है. केंद्र सरकार ने बीजेपी के ...